देहरादून। विधानसभा के विशेष सत्र में चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि जायज, विधिसम्मत और संवैधानिक बातों को सुना जाए।
मुख्यमंत्री ने वर्ग विशेष को डराने के आरोपों पर कहा कि, “हम जो भी करते हैं, संविधान के अनुसार करते हैं, कानून के अनुसार करते हैं। देश की जो विधि व्यवस्था है, उस पर विश्वास रखते हुए करते हैं। जो इस विधि व्यवस्था को नहीं मानता है, अतिक्रमण करता है, सरकारी जमीनों पर कब्जे कर रहा है, लाल चादर, हरी चादर, पीली चादर, नीली चादर डालकर सरकारी जमीन पर कब्जा करता है – इस देवभूमि में नहीं चल सकता। उन्हें विधि व्यवस्था के अनुसार हटाया गया है और आगे भी हटाया जाएगा।”
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य स्पष्ट है – संविधान और विधि व्यवस्था के तहत ही हर निर्णय लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की पवित्र भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा या अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

More Stories
प्रशिक्षक अनुज गौड़ के मार्गदर्शन और योग संगठनों की पहल से खेल एवं योग को मिल रहा बढ़ावा; उत्तराखंड स्टेट ओपन कराटे चैंपियनशिप में बच्चों का शानदार प्रदर्शन
पुलिस में 1,600 पदों पर जल्द भर्ती; थानों का बजट होगा दोगुना
धामी सरकार का स्वास्थ्य शिक्षा पर बड़ा फोकस, सेलाकुई विश्वविद्यालय को ₹20.55 करोड़ की पांच योजनाओं की सौगात